झारखंड

हवा से बातें करते लखनऊ, पटना, रांची

आप दिल्ली, मुंबई या बेंगलुरु जैसे महानगरों की तो बात ही छोडि़ए, अब तो स्थिति यह है कि छोटे और मझोले, दूसरी और तीसरी श्रेणी के शहरों के हवाई अड्डों के अंदर-बाहर भी मुसाफिरों की भारी भीड़ लगी रहती है। प्रतीक्षालयों में बैठना तो दूर, खड़े होने की जगह...