बातचीत

‘मेरे नाटक मेरी अनुभूति हैं’

इंट्रो- दया प्रकाश सिन्हा साहित्य-संस्कृति के क्षेत्र में एक ऐसा नाम है, जो नाटककार, निर्देशक और सांस्कृतिक प्रशासक के रूप में जाना जाता है। वरिष्ठ रंगकर्मी के रूप में उनकी एक विशिष्ट पहचान है। उनका काम इस बात की गवाही देता है। उन्होंने लगभग डेढ़ दर्जन नाटक लिखे हैं। लगभग पचास...

डाकिया ही हमारा ब्रांड एंबेसडर है: मनोज सिन्हा

बीते एक सितंबर को ‘इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक’ (आईपीपीबी) का नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया। ‘आपका बैंक आपके द्वार’ पर इसका घोष वाक्य है। इसके बारे में दूरसंचार मंत्री मनोज सिन्हा का कहना है कि यह विश्व का सबसे बड़ा बैंकिंग नेटवर्क होगा, जिसका ध्यान खासकर...

इस समय अलग चुनौतियां हैं: दीक्षित

उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित साहित्यकार, पत्रकार व कुशल राजनीतिज्ञ हैं। आज वे विधानसभा के सर्वोच्च आसन पर विराजमान हैं। प्रदेश सरकार में संसदीय कार्यमंत्री और पंचायती राज मंत्री रह चुके दीक्षित उन्नाव में भाजपा के जिला अध्यक्ष से पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष, राष्ट्रीय कार्यसमिति के सदस्य, मुख्य प्रवक्ता...

‘स्वरोजगार में सहकारिता एक बड़ा योगदान कर सकती है’

कांग्रेस के लिए किला कही जाने वाली कसौली विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के राजीव सैजल ने ऐसी सेंध लगाई कि वे प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बन बैठे। सैजल ने पहली बार 2007 में भाजपा के टिकट पर कसौली (आरिक्षत) से विधानसभा का चुनाव लड़ा और लगातार जीतते ही...

जनऔषधि को लोगों तक पहुंचाना हमारा लक्ष्य: सचिन

प्रधानमंत्री जन औषधि योजना से देश की आम जनता को बहुत उम्मीदें हैं। पिछले तीन-चार महीनों से प्रधानमंत्री खुद इस योजना से हुए फायदे को सभी मंचों से लगातार बता रहे हैं। ऐसे में इस जन सरोकारी योजना को लेकर जनता की आकांक्षाएं और बढ़ गई हैं। दवाइयों की...

वैदिक संस्कृति पर मुहर: डॉ. शर्मा

बीते दिनों उत्तर प्रदेश के बागपत जिले का सनौली गांव पुरातात्विक खोजों के कारण चर्चा में रहा। डॉ. धर्मवीर शर्मा ने सनौली का उत्खनन कराकर सबसे पहले इसे विश्व के सम्मुख रखा था। किन्तु तब की यूपीए सरकार व उनके वामपंथी विचारकों ने डॉ. शर्मा पर भाजपा, संघ व...

लक्ष्य का ध्यान जरूरी

स्वामी निरंजनानंद सरस्वती दुनिया के एकमात्र ऐसे योग मनीषी हैं जिन्होंने अपने गुरु स्वामी सत्यानंद सरस्वती के मिशन को आगे बढ़ाने के लिए कभी सत्ता या ग्लैमर का सहारा नहीं लिया। आज मुंगेर दुनिया की प्रमुख योग नगरी है, तो इसका श्रेय उन्हें ही जाता है। अपने मिशन में...

योग भारतीय संस्कृति का प्रतीक: डॉ. नागेन्द्र

डॉ.एच.आर. नागेन्द्र योग के क्षेत्र में आज एक महत्वपूर्ण नाम है। सातवें दशक में नासा से इस्तीफा देकर योग की तरफ मुड़े। उसके बाद योग में ऐसा रमे कि आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी इनके प्रशंसक हैं। वे स्वामी विवेकानन्द योग विश्वविद्यालय के कुलपति हैं। इन दिनों वे विश्व...