प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

ईडी की मप्र में बड़ी कार्रवाई, एनसीएल के पूर्व सीएमडी की 2.79 करोड़ की संपत्ति कुर्क

खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स (पहला दिन): कर्नाटक के धनीश एन और ओडिशा की अंजलि मुंडा ने जीते स्वर्ण, छत्तीसगढ़ ने भी खोला खाता

खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स से जनजातीय प्रतिभाओं को मिलेगा नया मंच: मांडविया

ईरान ने अमेरिकी शांति प्रस्ताव ठुकराया, युद्ध खत्म करने के लिए रखीं कड़ी शर्तें

सिंहस्थ-2028 को विश्व-स्तरीय आयोजन बनाने के लिए सरकार संकल्पबद्ध: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

सबसे पहले नहीं, सबसे सही बताने की होड़ में रहें पत्रकारः वासुदेव देवनानी

सिंटेक्स ने राजस्थान में बढ़ाया दायरा, स्टोरेज के साथ अब वाटर डिस्ट्रीब्यूशन सॉल्यूशंस पर जोर

यूएई ने ईरान से आए ड्रोन हमलों को नाकाम किया, कई हमले विफल

मुख्यमंत्री रेखा ने इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल दिल्ली का किया शुभारंभ

अब बुंदेलखंड की धरती पर भी फर्राटे भरेंगे चीते, बुंदेलखंड बनेगा चीतों का नया बसेरा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

विशेष
होम JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

274 Days 3 Hr ago
देश
विचार
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो