प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

विश्व धरोहर सांची में बौद्ध विचार पर एकाग्र दो दिवसीय महाबोधी महोत्सव का समापन

वर्ल्डस्किल्स एशिया प्रतियोगिता में भारत का शानदार प्रदर्शन, पहली बार भागीदारी में मिला 8वां स्थान

कोहली के शतक और कुलदीप के धमाल से भारत ने पहले वनडे में दक्षिण अफ्रीका को 17 रन से हराया

दो महामंडलेश्वर जूना अखाड़े से निष्कासित

सैयद मोदी इंटरनेशनल 2025: ट्रीसा-गायत्री ने बरकरार रखा महिला युगल खिताब, श्रीकांत खिताब से चूके

सुल्तान अज़लान शाह कप: रोमांचक फाइनल में बेल्जियम से 1-0 से हारा भारत, रजत पदक से करना पड़ा संतोष

हिन्दुत्व, भारत की आत्मा है: दत्तात्रेय होसबाले

राजनाथ सिंह ने डीएमएसआरडीई में सैन्य उत्पादों की समीक्षा की

तंबाकू, पान मसाला पर जीएसटी क्षतिपूर्ति उपकर की जगह लेने वाले विधेयक लोकसभा में होंगे पेश

अगले सप्ताह खुलेंगे 12 नए आईपीओ, छह कंपनियों के शेयरों की होगी लिस्टिंग

विशेष
होम JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

159 Days 3 Hr ago
देश
विचार
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो